सांसद भवन में जनता के मुद्दों पर चर्चे होने चाहिए...
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*दैनिक हिंदी वेब मीडिया (छ.ग.)*
04/07/2024
भारतीय मंत्रालय/ इन दिनों ज्यादातर बैठकों में देखा जाए तो केवल एक पार्टी दूसरे पार्टी की कमियां निकलने में लगीं रहती है।
जनता को क्या चाहिए किस चीज की जरूरत है।कहां किस मुद्दे पर बात करनी है, ये सब आजकल सपने जैसा हो गया है। कोई योजना का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचने से पहले ही योजना का परिणाम बदल जाता है।
किस ओर जा रहा है भारत क्या कर रहे हो.…
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